RBI MPC: आगे ब्याज दरों में बढ़ोतरी के संकेत, महंगाई और कमोडिटी कीमतों पर नजर

मुंबई: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति समिति (MPC) के हालिया फैसलों के बाद बाजार में आगे ब्याज दरों को लेकर चर्चा तेज हो गई है। कोटक सिक्योरिटीज के हेड ऑफ कमोडिटीज रिसर्च अनिंद्य बनर्जी ने RBI की मौद्रिक नीति को स्पष्ट रूप से सख्त रुख वाली (Hawkish) बताया है। उनके मुताबिक, केंद्रीय बैंक ने अपने रुख में बदलाव करते हुए न्यूट्रल से कैलिब्रेटेड टाइटनिंग की ओर कदम बढ़ाया है, जिससे आने वाले समय में और सख्ती की संभावना बनती है। 🔴 RBI आगे बढ़ा सकता है ब्याज दरें अनिंद्य बनर्जी के अनुसार, मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए RBI आने वाली बैठकों में ब्याज दरों में और बढ़ोतरी कर सकता है। हालांकि, सबसे बड़ा सवाल यह है कि यह बढ़ोतरी किस गति से होगी। एक संभावना यह है कि RBI दिसंबर में 25 बेसिस प्वाइंट की सामान्य बढ़ोतरी करे और इसके बाद अगले साल की पहली तिमाही में आगे कदम उठाए। वहीं दूसरी संभावना यह भी है कि महंगाई का दबाव अपेक्षा से ज्यादा बढ़ने पर अगली बैठक में ही 50 बेसिस प्वाइंट की बड़ी बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। 🔴 महंगाई और ऊर्जा कीमतें अहम फैक्टर बनर्जी ने कहा कि आने वाले समय में RBI के फैसले काफी हद तक कमोडिटी कीमतों की दिशा पर निर्भर करेंगे। खासकर ऊर्जा कीमतें कितने समय तक मौजूदा स्तर पर बनी रहती हैं, इसका सीधा असर महंगाई पर पड़ सकता है। हालांकि, केवल ऊर्जा कीमतें ही चिंता का विषय नहीं हैं, बल्कि अन्य कमोडिटी की कीमतों पर भी नजर रखना जरूरी होगा। 🔴 मजबूत GDP ग्रोथ से RBI को मिल सकती है गुंजाइश उन्होंने भारतीय अर्थव्यवस्था की मौजूदा विकास दर को भी मजबूत बताया। उनके मुताबिक, GDP ग्रोथ प्रभावशाली बनी हुई है और आर्थिक गतिविधियों में मजबूती कायम है। ऐसे माहौल में RBI के पास महंगाई को नियंत्रित करने के लिए मौद्रिक नीति को और सख्त करने की गुंजाइश मौजूद है। कुल मिलाकर, बाजार की नजर अब महंगाई, ऊर्जा कीमतों, कमोडिटी मार्केट और RBI की अगली MPC बैठक पर रहेगी। आने वाले आंकड़े यह तय करने में अहम भूमिका निभा सकते हैं कि केंद्रीय बैंक 25 बेसिस प्वाइंट की क्रमिक बढ़ोतरी करता है या फिर बड़ा कदम उठाता है।