उमर अब्दुल्ला का बड़ा बयान: CEC के खिलाफ जारी रहेगा विरोध, UCC पर भी साफ किया रुख

श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने चुनाव आयोग, मतदाता सूची और यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि INDIA ब्लॉक के सांसदों की ओर से मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) के खिलाफ शुरू किया गया विरोध आगे भी जारी रहेगा। उमर अब्दुल्ला ने यह बात ऐसे समय कही है, जब विपक्षी दल चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर लगातार सवाल उठा रहे हैं। उमर अब्दुल्ला ने कहा कि आज INDIA ब्लॉक के सांसदों ने CEC के खिलाफ विरोध मार्च निकाला। उन्होंने संकेत दिया कि यह विरोध यहीं खत्म होने वाला नहीं है और आगे भी जारी रहेगा। उनके मुताबिक, विपक्ष की मुख्य चिंता इस बात को लेकर है कि मतदाता सूची से लोगों के नाम किस आधार पर हटाए गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस मामले में अब सुप्रीम कोर्ट ने भी चुनाव आयोग और केंद्र सरकार से जवाब मांगा है। ऐसे में मतदाता सूची में नाम हटाने की प्रक्रिया और उसके आधार को लेकर स्थिति स्पष्ट करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में मतदाता सूची बेहद महत्वपूर्ण होती है और इससे जुड़े सवालों का जवाब मिलना चाहिए। UCC पर भी उमर अब्दुल्ला का स्पष्ट रुख उमर अब्दुल्ला ने यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) को लेकर भी अपनी सरकार और जम्मू-कश्मीर का रुख स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि कोई कानून तब तक वास्तव में ‘यूनिफॉर्म’ नहीं माना जा सकता, जब तक वह हर जगह समान रूप से लागू न हो। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि जम्मू-कश्मीर में यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू नहीं किया जाएगा। साथ ही उन्होंने इस मुद्दे पर संसद में व्यापक चर्चा की जरूरत बताई। उमर अब्दुल्ला के मुताबिक, इतने महत्वपूर्ण विषय पर देश के सर्वोच्च सदन में गंभीर बहस होनी चाहिए। उनके बयान से साफ है कि चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली, मतदाता सूची और UCC जैसे मुद्दे आने वाले समय में राजनीतिक बहस के प्रमुख विषय बने रह सकते हैं। विपक्ष जहां चुनाव प्रक्रिया से जुड़े सवाल उठा रहा है, वहीं UCC को लेकर भी अलग-अलग राजनीतिक दलों के बीच मतभेद लगातार सामने आ रहे हैं।