पटना: बिहार की राजधानी पटना में महागठबंधन के प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस के एक कार्यकर्ता ने अनोखे अंदाज में विरोध दर्ज कराया। कार्यकर्ता हाथों में हथकड़ी और पैरों में जंजीर पहनकर प्रदर्शन में पहुंचा। उसके इस अंदाज ने प्रदर्शन के दौरान लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा।
कांग्रेस कार्यकर्ता ने अपने विरोध के जरिए लोकतंत्र और मौजूदा राजनीतिक हालात को लेकर सवाल उठाए। उसका कहना था कि लोकतंत्र जिस तरह से कथित तौर पर गिरफ्त में है, उस पर लगा ताला जल्द टूटेगा और लोकतंत्र की आवाज मजबूत होगी।
🔴 हथकड़ी-जंजीर पहनकर जताया विरोध
प्रदर्शन में पहुंचे कांग्रेस कार्यकर्ता ने कहा कि हाथों में हथकड़ी और पैरों में जंजीर लोकतंत्र की स्थिति को दर्शाने का प्रतीक है। उसके मुताबिक, लोकतांत्रिक अधिकारों और जनता की आवाज को दबाने की कोशिशों के खिलाफ विपक्ष लगातार सड़क पर अपनी आवाज उठा रहा है।
कार्यकर्ता ने अपने बयान में कहा कि लोकतंत्र को बचाने के लिए आंदोलन करने वाले लोग सड़क पर हैं और आने वाले समय में उनकी आवाज और बुलंद होगी।
🔴 ‘लोकतंत्र का ताला जल्द टूटेगा’
कांग्रेस कार्यकर्ता ने दावा किया कि लोकतंत्र पर लगा ताला ज्यादा समय तक नहीं टिकेगा और जल्द ही यह ताला टूटेगा। उसने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा और सड़क से लेकर राजनीतिक मंच तक विपक्ष अपनी आवाज उठाता रहेगा।
🔴 सरकार और व्यवस्था पर तीखा हमला
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ता ने सत्ता और व्यवस्था पर भी तीखी टिप्पणी की। उसने अपने बयान में कुछ लोगों को लोकतंत्र का ‘चोर’ बताते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की बात कही। हालांकि, ये बातें कांग्रेस कार्यकर्ता के राजनीतिक आरोप और बयान हैं, जिनकी स्वतंत्र पुष्टि इस रिपोर्ट का हिस्सा नहीं है।
महागठबंधन के प्रदर्शन में इस तरह के प्रतीकात्मक विरोध ने एक बार फिर बिहार की राजनीति में लोकतंत्र, चुनावी प्रक्रिया और विपक्ष की भूमिका से जुड़े मुद्दों को चर्चा में ला दिया है। प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा की मांग उठाई।