मधुबनी कांड: मधुबनी कांड पर तेजस्वी यादव ने उठाए गंभीर सवाल
बिहार के मधुबनी में पुलिस अधिकारी द्वारा कथित तौर पर दो लड़कियों के साथ दुष्कर्म की कोशिश और विरोध करने पर परिजनों पर गोली चलाने की घटना को लेकर सियासत तेज हो गई है। इस मामले में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के नेता और पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और बिहार पुलिस प्रशासन पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने घटना को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
दिल्ली में मीडिया से बातचीत के दौरान तेजस्वी यादव ने कहा कि बिहार में यह कोई पहली घटना नहीं है, जहां लोगों की सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालने वाले ही आरोपों के घेरे में आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि जब रक्षक ही भक्षक बन जाएं तो आम लोगों की सुरक्षा का सवाल और गंभीर हो जाता है।
मधुबनी कांड पर तेजस्वी यादव ने उठाए गंभीर सवाल
तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि मधुबनी में हुई घटना बेहद शर्मनाक है। उनके मुताबिक, एक पुलिस अधिकारी पर दो लड़कियों के साथ दुष्कर्म की कोशिश का आरोप है। जब परिवार के लोग लड़कियों को बचाने के लिए सामने आए तो उन पर गोली चलाई गई। इस घटना में एक व्यक्ति की मौत और अन्य लोगों के घायल होने की खबर सामने आई है।
तेजस्वी यादव ने सवाल उठाया कि आखिर बिहार में आम नागरिक कितने सुरक्षित हैं? उन्होंने कहा कि जिस पुलिस व्यवस्था पर जनता की सुरक्षा की जिम्मेदारी है, उसी व्यवस्था के एक अधिकारी पर इतने गंभीर आरोप लगना चिंता का विषय है।
मधुबनी और दरभंगा में बढ़ते अपराध को लेकर सरकार पर निशाना
RJD नेता ने मधुबनी और दरभंगा में अपराध की घटनाओं को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि इन जिलों में अपराध बढ़ रहा है, लेकिन पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है।
तेजस्वी यादव ने विशेष रूप से मधुबनी के SP के तबादले को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि आखिर ऐसी कौन-सी वजह है कि कार्रवाई नहीं हो पा रही है। उन्होंने सरकार से जवाब मांगा कि पुलिस प्रशासन की जवाबदेही आखिर किसकी है?
फरार ASI को लेकर मुख्यमंत्री से मांगा जवाब
इस पूरे मामले में आरोपी ASI के फरार होने को लेकर भी तेजस्वी यादव ने सवाल उठाए। उन्होंने पूछा कि पुलिस अधिकारी अभी तक फरार क्यों है? क्या वह खुद फरार है या उसे फरार करवाया गया है? उन्होंने मुख्यमंत्री के बयानों का जिक्र करते हुए सवाल किया कि जब सरकार अपराधियों के एनकाउंटर की बात करती है तो इस मामले में अब तक क्या कार्रवाई हुई है?
बिहार की कानून-व्यवस्था पर फिर गरमाई सियासत
मधुबनी गोलीकांड ने एक बार फिर बिहार की कानून-व्यवस्था और पुलिस प्रशासन की जवाबदेही को लेकर राजनीतिक बहस तेज कर दी है। तेजस्वी यादव के बयान के बाद राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन पर विपक्ष के सवाल और तेज हो सकते हैं।
फिलहाल इस मामले में सबसे अहम सवाल आरोपी पुलिस अधिकारी की गिरफ्तारी, घटना की निष्पक्ष जांच और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने का है। पुलिस अधिकारी पर लगे आरोपों की निष्पक्ष जांच और दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई जरूरी है।
मधुबनी कांड अब केवल एक आपराधिक घटना नहीं, बल्कि बिहार में कानून-व्यवस्था और पुलिस की जवाबदेही को लेकर बड़ा राजनीतिक मुद्दा बन गया है।