नई दिल्ली: अयोध्या स्थित राम मंदिर से जुड़े दान और कथित चोरी के मामले को लेकर विश्व हिंदू परिषद (VHP) के प्रवक्ता सुरेंद्र जैन ने आरोपों पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि मंदिर में चोरी की घटना से कभी इनकार नहीं किया गया। इसी वजह से जांच के लिए SIT गठित की गई, FIR दर्ज हुई और मामले में संदिग्ध आरोपियों की गिरफ्तारी भी की गई।
सुरेंद्र जैन के मुताबिक, जांच से जुड़ी रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट के सामने रखी गई है और सरकार ने अदालत को बताया है कि मामले में जल्द ही चार्जशीट दाखिल की जाएगी। सुप्रीम कोर्ट में 21 सितंबर को हुई सुनवाई के दौरान भी उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से बताया गया कि SIT अपनी जांच लगभग पूरी कर चुकी है और 25 सितंबर तक चार्जशीट दाखिल की जाएगी।
वहीं, जांच की ताजा जानकारी में मंदिर परिसर के CCTV फुटेज के आधार पर दान की रकम को कथित तौर पर हटाए जाने की 105 घटनाओं का उल्लेख सामने आया है। SIT ने CCTV फुटेज, गवाहों के बयान और अन्य रिकॉर्ड की जांच के आधार पर रिपोर्ट तैयार की है।
हालांकि, सुरेंद्र जैन ने मंदिर में चढ़ाए गए बहुमूल्य सामान को लेकर लगाए गए कई आरोपों को खारिज किया। उन्होंने दावा किया कि जिन चांदी की ईंटों और अन्य बहुमूल्य वस्तुओं के गायब होने या अनियमितता की बातें कही गई थीं, जांच में वे सुरक्षित पाई गई हैं। सुप्रीम कोर्ट के समक्ष रखी गई SIT रिपोर्ट में भी 200 किलो और 38.288 किलो चांदी की ईंटों समेत कुछ अन्य दान की वस्तुओं के संबंध में कोई विसंगति नहीं मिलने की बात दर्ज है।
VHP प्रवक्ता ने कहा कि मामले में जांच और कानूनी प्रक्रिया अपना काम कर रही है। साथ ही उन्होंने उन लोगों से माफी मांगने की मांग की, जिन पर उन्होंने बिना पर्याप्त आधार के आरोप लगाने का आरोप लगाया। उनका कहना था कि राम मंदिर और श्रद्धालुओं से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की गलत जानकारी से लोगों की भावनाएं प्रभावित होती हैं।
फिलहाल मामले में SIT की चार्जशीट का इंतजार है। इसके बाद जांच में सामने आए तथ्यों और आरोपों की कानूनी स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।